आखिर क्या ऐसी मजबूरी थी, कि महिला को फांसी लगाने की आई नौबत?

●फांसी लगाकर एक महिला ने की आत्महत्या
●महिला के भाई ने मौत को बताया संदेहास्पद
सरायपाली.नगर के पतेरापाली वार्ड में आज सुबह अग्रवाल परिवार की एक महिला ने घर में ही फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. परिवारजनों ने महिला को अस्पताल पहुंचाया जहां चिकित्सकों द्वारा उन्हें मृत घोषित किया गया. वहीं दूसरी ओर मृतिका के भाई ने इसे संदेहास्पद बताते हुए आत्महत्या का रूप देने का आरोप लगाया और सरायपाली से बाहर के चिकित्सकों के माध्यम से पोस्टमार्टम करवाने एवं निष्पक्ष जांच करवाने की मांग की है. पुलिस द्वारा दोनो पक्षों को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच की जा रही है.
प्राप्त जानकारी अनुसार नगर के वार्ड क्र.4 पतेरापाली के दिनेश अग्रवाल का पूरा परिवार घर के छत पर आज सुबह बड़ी बना रहे थे. तभी उनके घर की नौकरानी कुलमोती पति उद्धव उम्र 50 वर्ष किसी काम से नीचे घर की ओर आई तभी उसने देखा कि दिनेश की पत्नी ममता अग्रवाल घर के बाथरूम के पास एक हुक में साड़ी फंसाकर फांसी लगा ली है. वह भागते हुए गई और सभी परिवारजनों को इसकी जानकारी दी. दिनेश एवं उसके पिता रतन अग्रवाल तुरंत नीचे पहुंचे और ममता को फंदा खोलकर नीचे उतारे. उनके बताए अनुसार उस समय ममता की सांसें चल रही थी. नगर के एक निजी अस्पताल में उसे ईलाज के लिए लाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया. घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मृतिका के घर पहुंचकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली, तत्पश्चात अस्पताल जाकर पंचनामा बनवाया. आगे की जांच के लिए पुलिस द्वारा अस्पताल से मृतिका के शव को पोस्टमार्टम के लिए लिया गया.

भाई ने की बाहरी डॉक्टरों से पोस्टमार्टम करवाने की मांग
दूसरी ओर मृतिका के भाई मनोज अग्रवाल निवासी हर्टापाली डोंगरीपाली रायगढ़ ने पुलिस को दिए आवेदन में उसके बहन की मौत को संदेहास्पद बताया है और निष्पक्ष जांच के लिए स्थानीय चिकित्सकों से पोस्टमार्टम न करवाकर बाहरी चिकित्सकों से करवाने की मांग की है. उन्होने चर्चा में बताया कि उनकी बहन कभी भी आत्महत्या जैसा घातक कदम नहीं उठा सकती. उन्होने यह भी बताया कि उनकी बहन के साथ कई बार पारिवारिक विवाद भी हो चुका है और वे स्वयं आकर समझौता करवाए हैं. इसलिए उन्हें इस बार भी उसी तरह घरेलु विवाद अधिक बढ़ने के कारण यह घटना घटित होने की आशंका जताई है. उन्होने इसे आत्महत्या नहीं बल्कि आत्महत्या का रूप देने का आरोप लगाया है. उन्होने यह भी बताया कि घटना की जानकारी उनके बहन के परिजनों के द्वारा नहीं दी गई थी, उन्हें अन्य रिश्तेदारों से इसकी जानकारी मिली है.
पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही होगा मामले का खुलासा
इस संबध में थाना प्रभारी प्रदीप मिंज से पूछे जाने पर उन्होने बताया कि मृतिका के भाई मनोज के द्वारा दिए गए आवेदन के आधार पर उन्होने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को पत्र लिखकर बाहर से चिकित्सक बुलाकर पीएम करवाने की मांग की है. जिस पर एसडीएम द्वारा बसना के चिकि त्सकों को पीएम के लिए निर्देशित किया गया है. मामला हत्या का है या आत्महत्या का उसकी जानकारी पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी.



























