नवजीवन मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल :खून की कमी उम्र नहीं देखती, हर आयु वर्ग के लोग रहें सतर्क : डॉ. नेलन लुगुन

सरायपाली। खून की कमी यानी एनीमिया केवल महिलाओं या बुजुर्गों की बीमारी नहीं है, बल्कि यह बच्चों, युवाओं, पुरुषों और बुजुर्गों सहित हर आयु वर्ग के लोगों को प्रभावित कर सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि समय पर जांच और उचित उपचार से एनीमिया को नियंत्रित किया जा सकता है तथा गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बचा जा सकता है।
नवजीवन मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, चिवराकुटा (सिंघोड़ा) के एमडी मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. नेलन लुगुन ने बताया कि शरीर में हीमोग्लोबिन (Hb) की कमी होने पर व्यक्ति को लगातार थकान, कमजोरी, चक्कर आना, सिरदर्द, सांस फूलना, चेहरे का पीलापन, हाथ-पैर ठंडे रहना और ध्यान केंद्रित करने में परेशानी जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
डॉ. लुगुन ने बताया कि एनीमिया की समय पर पहचान के लिए हीमोग्लोबिन जांच कराना आवश्यक है। जांच के बाद चिकित्सकीय परामर्श और उचित उपचार से इस बीमारी को नियंत्रित किया जा सकता है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि यदि उपरोक्त लक्षण दिखाई दें तो बिना देरी किए चिकित्सक से परामर्श लें।
नवजीवन मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल में आयुष्मान कार्ड सुविधा उपलब्ध है तथा यहां एनीमिया सहित विभिन्न बीमारियों की जांच और उपचार की सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। अस्पताल प्रबंधन ने आम नागरिकों से अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने और नियमित स्वास्थ्य जांच कराने की अपील की है।

































