
।।अतिरिक्त कक्ष में पढ़ रहे हैं केना के विद्यार्थी ,8 माह से बंद पड़ा है भवन निर्माण का कार्य।।
सरायपाली. हाई एवं हायर सेकेण्डरी स्कूल केना के विद्यार्थियों को स्कूल प्रारंभ होने के 11 वर्ष बाद भी भवन नसीब नहीं हुआ है. भवन के अभाव में अतिरिक्त कक्ष में कक्षाएं संचालित होती हैं. विगत वर्ष स्कूल भवन के लिए 87.35 लाख रूपए स्वीकृत हुआ था. लेकिन कार्य पूर्ण होने के पूर्व ही भवन निर्माण का कार्य विगत 8 माह से बंद पड़ा हुआ है. समय पर निर्माण कार्य पूर्ण नहीं करने से ठेकेदार एस के कंस्ट्रक्शन के ठेका को निरस्त कर दिया गया है. भवन निर्माण की आस में बैठे विद्यार्थियों को नए भवन के लिए अभी और इंतजार करना होगा.
जानकारी अनुसार केना में हाई स्कूल का उन्नयन सन् 2008 में हुआ था. उन्नयन के बाद कक्षाएं मिडिल स्कूल भवन में कक्षाएं संचालित हो रही थी. वहीं 2010 में हायर सेकेण्डरी स्कूल प्रारंभ हुआ, वह भी अन्य स्कूल परिसर पर स्थित कक्ष में संचालित हो रही था. हाई एवं हायर सेकेण्डरी स्कूल के लिए 2015 में अतिरिक्त भवन का निर्माण हुआ,जहां 5 कमरे बनाये गये हैं और 9वीं से बारहवीं तक की कक्षाएं संचालित हो रही हैं. लेकिन दर्ज संख्या के अनुसार छात्र-छात्राओं के लिए कक्ष कम पड़ रहे हैं. इसके चलते बरामदे में 4 कक्षाएं संचालित हो रही हैं, जिसमें बैठने के लिए विद्यार्थियों को समस्या हो रही है. मूल शाला भवन के अभाव में अतिरिक्त कक्ष में ही कक्षाएं संचालित की जा रही हैं. मूल शाला भवन का निर्माण कार्य विगत 8 माह से बंद पड़ा हुआ है. लोक निर्माण विभाग द्वारा विगत 2017-18 में एस के कंस्ट्रक्शन रायपुर को 87.35 लाख रूपए में भवन निर्माण की स्वीकृति दी गई थी, जिसे 12 माह में कार्य को पूर्ण करना था. लेकिन उनके द्वारा समय पर कार्य पूर्ण नहीं करने से उनके ठेका को निरस्त कर दिया गया है. अधूरे भवन को पूर्ण करने के लिए अब नए ठेकेदार की खोज शुरू हो गई है. अधूरे निर्माणाधीन भवन में 14 कक्षों का निर्माण हो रहा है, जिसमें 2 लैब, 10 कमरे, प्राचार्य एवं अन्य कमरे बनना है.
अधूरे भवन को पूर्ण करने के लिए लोनिवि से की गई है मांग -प्राचार्य
इस संबंध में स्कूल के प्राचार्य एम एल नायक ने बताया कि भवन के अभाव में अतिरिक्त कक्ष में कक्षायें संचालित हो रही है. कक्षा 9वीं से 12वीं तक कुल 427 बच्चे अध्ययनरत हैं, जिनके लिए 10 कमरों की आवश्यकता है. लेकिन अतिरिक्त कक्ष में भी मात्र 5 कमरे होने के कारण बरामदे में कक्षायें संचालित हो रही है. मूल शाला भवन विगत कई माह से बंद पड़ा हुआ है. शाला भवन का निर्माण होने से सभी कक्षाओं के लिए पर्याप्त कमरे उपलब्ध हो जायेंगे. इस वर्ष व्यावसायिक पाठ्यक्रम भी शुरू हुआ है, लेकिन उन्हें भी पढ़ाने के लिए भवन की कमी खल रही है. अधूरे निर्माणाधीन मूल शाला भवन को पूर्ण करने के लिए विगत दिनों लोक निर्माण विभाग जाकर शाला विकास समिति व पालकों के द्वारा जल्द पूरा करने की मांग की गई है.


























