छत्तीसगढ़

बेटी की मांग में सिंदूर देखने से पहले ही थम गई पिता की सांसें, पहले उठी डोली, फिर अर्थी

गया: कोरोना संक्रमण के चलते देश के कई राज्यों में हाहाकार मचा हुआ है। रोजाना सामने आ रहे मौत और नए मरीजों के आंकड़ों ने अस्पताल और श्मशानों की व्यवस्था बिगाड़ दी है। इसी बीच बिहार के गया जिले से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। दरअसल बेटी की डोली उठने से पहले पिता की मौत हो गई और बारात द्वार पर खड़ी थी। इसके बाद परिजनों ने पहले युवती की मंदिर में शादी करवाई, फिर पिता की अर्थी उठी।

मिली जानकारी के अनुसार मामला शिवनगर गांव का है, जहां रहने वाले महेंद्र राम कोल इंडिया में काम करते हैं। बेटी की शादी के लिए महेंद्र कुछ दिन पहले ही छुट्टी लेकर घर आए थे। सोमवार सुबह महेंद्र के पेट में दर्द होने लगा, जिसके बाद उन्हें आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया। लेकिन रास्ते में ही महेंद्र की सांसें थम गई थी। अस्पताल पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

वहीं, दूसरी ओर घर में बेटी की शादी की तैयारी चल रही थी। सोमवार को ही बेटी का बारात आने वाला था। महेंद्र की मौत के बाद परिजनों ने लड़के वालों से बात की और मंदिर में बिना तामझाम के शादी निपटाने की बात ​कही। हालात को समझते हुए लड़के वाले भी राजी हो गए और महेंद्र की बेटी की शादी मंदिर में कराई गई। इसके बाद महेंद्र का अंतिम संस्कार किया गया।

AD#1

Devesh Hindustani

Reporter of kakakhabarilaal

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!