महांसमुद: भागवत कथा वाचन कर रही यामिनी साहु ने मांगी सुरक्षा

बीते 10 वर्षों से भागवत कथा वाचन कर रही यामिनी साहू को अब भागवत कथावाचन न करने धमकाया जा रहा है। लोग उन्हें फोन पर भी जातिगत समरसता को बिगाडऩे का आरोप लगाते हुए धमकी दे रहे हंै। इससे परेशान होकर यामिनी ने पुलिस अधीक्षक महासमुन्द से सुरक्षा की मांग की है। यामिनी गायत्री परिवार से जुड़ी हैं।
इस मामले से शुरू हुआ धमकी भरे फोन
कोरोना काल में सिरगिड़ी (महासमुंद) का साहू परिवार भागवत प्रवचन कराना चाहते थे। लॉकडाउन हो जाने से अनुमति नहीं मिली। तब कथावाचक पुरोहित से आग्रह करके स्थगित कर दिया गया। बाद में आयोजक ने 20 से 27 मार्च को भागवत कथा वाचन का अनुरोध किया। इस बीच संबंधित पुरोहित ने इस तिथि में व्यस्त होने की बात कहकर कथावाचन से इंकार कर दिया। तब आयोजक परिवार ने गायत्री परिवार से जुड़ीं और बीते 10 साल से प्रवचन कर रही यामिनी से संपर्क कर कार्यक्रम तय किया। इसका आमंत्रण पत्र में त्रुटिवश आयोजक ने प्रवचनकर्ता को ‘साध्वी’ लिख दिया। जिसे बाद में सुधारकर नया कार्ड बंटवाया गया है। कथावाचन को परंपरागत एकाधिकार मानने वाले कुछ लोगों ने पुरोहित के भडक़ावे में आकर यामिनी को चेतावनी देते हुए प्रवचन नहीं करने की धमकियां दी।
इससे परेशान होकर यामिनी ने 17 मार्च को खल्लारी थाना में रिपोर्ट दर्ज कराई है। नौ मोबाइल नंबर भी दिए हैं जिनसे उन्हें धमकियां दी गई है। पुलिस संबंधित लोगों की पतासाजी कर रही है।



























