ग्राम तेंदुकोना में बह रही अनवरत भक्ति ज्ञान की धारा

रिपोर्ट – कैलाश अग्रवाल
काकाखबरीलाल/तेंदुकोना(पिथौरा)। पिथौरा से 18 किलोमीटर की दूरी पर स्थित ग्राम तेंदुकोना में हरिद्वार से पहुंचे 5 आचार्यो के गायत्री परिवार द्वारा दिनांक15.1.19 से अनवरत भक्ति ज्ञान की गंगा बाहाई जा रही है।विदित हो कि दिनाक 15.1.19 को ग्राम तेंदुकोना के ग्रामीणों तथा महिलाओ के द्वारा भक्ति माहौल में गायत्री परिवार के तत्वाधान में विशाल कलश यात्रा निकाल कर वृहद आयोजन का आगाज किया। कलश यात्रा के पश्चात हरिद्वार से पहुँचे आचार्यो द्वारा वेद माता गायत्री के मंत्रों के उच्चारण के साथ 24 कुंडीय चार दिवसीय महायज्ञ का विधिवत शुभारंभ किया।बाद आचार्यो के द्वारा आयोजित कार्यक्रम में पहुचे
भक्तों को साम्बोधित करते हुवे समाजिक बुराइयों के बहिष्कार करने को बात कही।वहीं नारी शिक्षा पर बल देते हुवे कहा कि नारी अब अबला नही है बल्कि सबल बन देश के सभी क्षेत्रों में पुरषो से कंधा से कंधा मिला कर प्रगति में अपनी महती भूमिका निभा रहा है। आगे ब्यास से आचार्यों ने कहा कि देश के पिछड़े इलाकों में दहेज का दानव अभी भी पांव पसारा हुवा है।जिस पर समाज को जागरूक करने की आवश्यक्ता है। कड़ी को आगे बढ़त हुवे अपने उदबोधन में कहा कि गायत्री परिवार का मूल उद्देश्य समाज मे ब्याप्त बुराइयों के नाश करना है। समाज को नशा मुक्त कर समाज को सभ्य बनाने की आवश्यकता है।वहीं भ्रूण हत्या को पाप बताया।और कहा कि मानव भ्रूण हत्या कर अपने विनाश को कहानी लिख रहा है।जिससे सचेत होने की आज समाज को जरूरत है।

मेले सा है माहौल
पूरे तेंदुकोना में जहा भक्ति की धारा बह रही है।वही कार्यक्रम स्थल पर मेले से माहौल बना हुवा है। गायत्री परिवार द्वारा प्रचार सामग्री के स्टाल लगाये गए हैं। कार्यक्रम के तीसरे दिन 1100 दीपों को प्रज्जवलित किया गया
जिससे पूरा यज्ञस्थल दीपों से जगमगा उठा। यज्ञ में पांचो संस्कार भी कराए गए।
सजाया गया पूरा क्षेत्र
आयोजन को भब्य बनाने के लिये कार्यक्रम स्थल को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। तथा ध्वमी विस्तारक के द्वारा पूरे गांव को आयोजन से जोड़ा गया जिससे पूरा गांव भक्ति मय हो गया है। कार्यक्रम के साथ ही ग्रामिणो के सहयोग से लगातार सुबह शाम सार्वजनिक भंडारे का आयोजन भी किया गया है। आयोजन को सफल बनाने के गांव के युवाओं का महत्व्पूर्ण योगदान है।

























