राष्ट्रीयकृत बैंकों के कृषि ऋण माफ़ी पर क्या बोले मुख्यमंत्री..?

काका ख़बरीलाल,जांगजीर चांपा:-जांजगीर दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि मवेशियों के लिए जहां गोठान नहीं है, गोठान भी बनवाए जाएंगे. सीएम ने कहा है कि मवेशियों के संरक्षण की व्यवस्था होने पर गोबर की उपलब्धता होगी. इससे गोबर गैस और गोबर खाद का उत्पादन होगा, जिससे कृषि लागत कम होगा और किसानों की आमदनी बढ़ेगी।
सीएम ने कहा है कि मवेशियों के संरक्षण के लिए कांग्रेस ने पहले भी अपनी बात रखी थी, जिसके तहत किसानों को राहत देने सरकार द्वारा चारे और चरवाहे की व्यवस्था की जाएगी। सरकार की इस बड़ी घोषणा से निश्चित ही किसानों को राहत मिलेगी।आप को बता दें कि गांवों में किसानों की अभी सबसे बड़ी समस्या मवेशियों के कारण फसल बर्बाद होने की है. चारागाह की व्यवस्था नहीं होने के कारण मवेशी, चारे की तलाश में घूमते हुए फसल बर्बाद कर दे रहे हैं।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने यह भी कहा कि किसानों से जो वायदा किया गया है, उसे पूरा किया जाएगा. राष्ट्रीयकृत बैंकों के भी कृषि ऋण माफ होगा. बैंकों से जानकारी मांगी गई है. एक माह के भीतर पूरा लोन माफ हो जाएगा. अभी सहकारी और ग्रामीण बैंक का लोन माफ किया गया है. सीएम ने 25 सौ समर्थन मूल्य पर धान खरीदी को लेकर कहा कि किसानों को अभी पुरानी दर से भुगतान होगा और बची शेष राशि को बजट में शामिल कर कुछ दिनों में किसानों को भुगतान किया जाएगा. किसानों ने इतनी बड़ी जीत दिलाई है, इसलिए किसानों के दर्द और समस्या को भी सरकार समझती है. यही वजह है कि किसानों के हित में सरकार लगातार फैसले ले रही है।





























