
भंवरपुर(काकाखबरीलाल)। जिले के बसना थाना क्षेत्र के ग्राम ग्राम सिंघनपुर छुईपाली में जातिवादी गुंडों की घृणित मानसिकता उजागर हुई है, जातिवादी असमाजिक तत्वों ने अनसूचित जाति वर्ग के दो जातियों के विरोध में गाँव के तालाब के पचरी में अपमानजनक शब्दों का प्रयोग करते हुए तालाब में नहाने पर मना करने से लेकर उन्हें औकात में रहने कीधमकी दी गई है.
ज्ञात हो कि इस बात की सूचना सरपंच को मिलने के बाद अज्ञात व्यक्ति द्वारा लिखे गए अपशब्द को चुना से मिटा दिया गया है। वही जानकारी अनुसार यह घटना रविवार सुबह किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा दलित समाज के बारे में तालाब के पचरी में जाति वाद सूचक लिखकर ना नहाने की धमकी दी है।
के.आर. मुखर्जी जिलाध्यक्ष गाड़ा समाज ने घटना की जानकारी देते हुए कहा घटना बेहद निंदनीय है,गाड़ा समाज इसकी कड़ी निंदा करता है एवं इसकी शिकायत बसना पुलिस थाना में आवेदन देकर किया गया है, कड़ी कार्यवाही न होने की स्थिति में उग्र आंदोलन करने की बात कही।
वही ग्रामीण रविंद्र रविंद्र चौहान ने बताया कि यह हमारे गांव के किसी व्यक्ति द्वारा कथित शब्द लिखा गया है जिसमें समाज के सदस्यों पर आक्रोश की भावना देखने को मिल रहा है उपसरपंच ने बताया हमारे गांव के तालाब में जातिवाचक जो शब्द का प्रयोग करके अज्ञात लिखा है उसके ऊपर कड़ी कार्रवाई की जाए।
ग्राम पंचायत सरपंच ने बताया कि उक्त आरोपी को 24 घंटे का समय दिया गया है वह अपना गुनाह कबूल कर ले और समाज में माफी मांगे।
विदित हो कि जिले में छुआछूत और जातिगत भेदभाव की घटना का यह कोई पहला मामला नही है, इससे पहले भी बरिहापाली में गांडा जाति के लोगों के श्मशान घाट पर भी जातिवादी गुंडों ने कब्जा कर लिया है जिसका मामला अब तक न्यायालय में विचाराधीन है.
चौहान सेना करेगी 21 को विरोध प्रदर्शन :
इस घटना के विरोध में चौहान सेना 21 अक्टूबर को आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन करेगी.
मीडिया से चर्चा में छत्तीसगढ़ चौहान सेना की प्रदेशाध्यक्ष चातुरी नंद ने कहा कि ऐसे कृत्य करने वाले जातिवादी असमाजिक लोगों के उपर कार्रवाई करना नितांत ही आवश्यक है, ऐसे लोगों को कतई ही माफ़ नही किया जाएगा. आरोपियों के गिरफ्तारी नही होने पर चौहान सेना उग्र आन्दोलन को बाध्य होगी.
छुआछूत और जातिगत भेदभाव मिटाने उदासीन है शासन-प्रशासन :
छुआछूत और जातिगत भेदभाव की घटना सिर्फ महासमुंद में ही नही अपितु पूरे प्रदेशभर में है जिसमें रायगढ़,बिलासपुर,गरियाबंद,कोरबा,जांजगीर चाम्पा समेत प्रदेश के सभी जिलों में आये दिन इस तरह की घटनाएँ होती रहती है लेकिन शासन-प्रशासन मामले पर कार्रवाई करने के बजाय चुप्पी साध लेता है, परिणामस्वरूप इस तरह की घटनाओं की पुनरावृति होती रहती है.
वैसे तो छुआछूत और जातिगत भेदभाव मिटाने सरकार करोड़ों रुपए फूंकती है लेकिन ना जागरूकता अभियान ना चलाया जाता है और ना सामाजिक समरसता बढ़ाने कोई पहल की जाती है. पुलिस विभाग से लेकर समाज कल्याण विभाग और अन्य विभागों की भी जिम्मेदारी है जातिगत कुरीतियों को मिटाने की लेकिन शासन-प्रशासन आँख मूंदे बैठा है.
बसना पुलिस थाना शिकायत करने
के.आर. मुखर्जी जिलाध्यक्ष गाड़ा समाज, राधेलाल नंद सिंघनपुर परिक्षेत्र अध्यक्ष, गौतम चौहान ब्लॉक अध्यक्ष बसना, प्रेमलाल चौहान ब्लॉक अध्यक्ष सरायपाली, चम्पतलाल चौहान ब्लॉक अध्यक्ष पिथौरा, उदेराम चौहान संरक्षक बसना, भीखम चौहान अध्यक्ष संतपाली परिक्षेत्र, विष्णु चौहान अध्यक्ष लिमगांव परिक्षेत्र, विजय चौहान,आशीष पांडे, वृंदा कुमार चौहान सहित छत्तीसगढ़ प्रदेश युवा मंच गाड़ा समाज की संरक्षक बाडी एवं प्रदेश अध्यक्ष हेमंत चौहान प्रदेश मिडिया प्रभारी अशोक कुमार चौहान संरक्षक सदस्य संतोष चौहान भुषण ताण्डी आदि समाजिकगण उपस्थित थे।
























