आवश्यकता हि अविष्कार की जननी है, ओमप्रकाश ने बाइक को सैनिटाइजेशन मशीन में बदल दिया

(भिलाई काकाखबरीलाल).कोरोनावायरस के खतरे के बीच एक किसान ने अपने गांव को सुरक्षित रखने की सोची। शहरों में नगर निगम सैनिटाइजेशन का काम कर रहा है। मगर, बहुत से गांवों में यह सुविधा नहीं पहुंच रही। इसी आवश्यकता ने एक आविष्कार को जन्म दे दिया। पाटन के गांव ओसगा के निवासी ओमप्रकाश गोयल ने बाइक को सैनिटाइजेशन मशीन में बदल दिया। जो संकरी गलियों में पहुंचती है और सैनिटाइजेशन का काम करती है। 10वीं कक्षा तक पढ़े ओमप्रकाश ने यूट्यूब और कुछ अलग करने की जिद की वजह से इस काम को अंजाम दिया। बाइक के स्टार्ट होकर चलने की वजह से सैनिटाइजेशन उपकरण अपना काम करता है और स्प्रेयर से केमिकल बाहर निकलता है। ओमप्रकाश ने खेत में कीटनाशक छिड़काव करने वाले यंत्र को इससे जोड़ा है। चक्कों को इस यंत्र के हैंडल से ऐसे बांधा है कि जब पहिए घुमते हैं तो स्प्रेयर का बटन दबता है और सैनिटाइजेशन का काम होता है। आस-पास के गांवों से भी ओमप्रकाश को सैनिटाइजेशन के लिए बुलाया जाता है।



























