महासमुंद:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जारी की पीएम किसान सम्मान निधि की 24वीं किस्त, यहां मनाया गया पीएम किसान उत्सव दिवस

महासमुंद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के बनासकांठा से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 24वीं किस्त जारी की। इसके तहत देशभर के 9.34 करोड़ से अधिक किसानों के बैंक खातों में 18,680 करोड़ रुपये से अधिक की राशि अंतरित की गई। वहीं महासमुंद जिले के 1,26,624 किसानों के खातों में 25.45 करोड़ रुपये की राशि पहुंची। इस अवसर पर कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग महासमुंद और कृषि विज्ञान केंद्र भलेसर के संयुक्त तत्वावधान में पीएम किसान उत्सव दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रधानमंत्री के संबोधन एवं किस्त जारी करने के कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया।
कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य जागेश्वर (जुगनू) चंद्राकर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। जनपद पंचायत महासमुंद की उपाध्यक्ष हुलसी चंद्राकर, ग्राम पंचायत भलेसर-नयापारा के पूर्व सरपंच प्रतिनिधि टीकेश्वर सिन्हा, कलेक्टर विनय कुमार लंगेह सहित जनप्रतिनिधि, कृषि विभाग के अधिकारी, कृषि वैज्ञानिक और आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष किसान शामिल हुए।
फसल विविधीकरण अपनाने किसानों से अपील
मुख्य अतिथि जागेश्वर (जुगनू) चंद्राकर ने किसानों से बिजली एवं पानी का विवेकपूर्ण उपयोग करने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण पर जोर दिया। जनपद पंचायत उपाध्यक्ष हुलसी चंद्राकर ने किसानों को फसल विविधीकरण अपनाने तथा रबी मौसम में दलहन एवं तिलहन फसलों की खेती करने के लिए प्रोत्साहित किया।
कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने कहा कि फसल विविधीकरण खेती को अधिक लाभकारी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने बताया कि खरीफ मौसम में धान के स्थान पर दलहन, तिलहन एवं लघु धान्य फसलों की खेती करने वाले किसानों को प्रथम वर्ष में 15 हजार रुपये तथा द्वितीय वर्ष में 10 हजार रुपये प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी। उन्होंने किसानों से जल संरक्षण, खेती की लागत कम करने और वैकल्पिक फसलों को अपनाकर अपनी आय बढ़ाने की अपील की।
समर्थन मूल्य पर होगी दलहन-तिलहन की खरीदी
कलेक्टर ने प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान (पीएम-आशा) के अंतर्गत जिले में दलहन एवं तिलहन फसलों की समर्थन मूल्य पर खरीदी की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अरहर 8,450 रुपये, मूंग 8,780 रुपये, उड़द 8,200 रुपये तथा मूंगफली 7,517 रुपये प्रति क्विंटल के न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी के लिए निर्धारित केंद्र बनाए गए हैं।
इनमें कृषि उपज मंडी परिसर पिटियाझर, महासमुंद; प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति सिर्री-पठारीमुड़ा, बागबाहरा; प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति पिथौरा; प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति भंवरपुर, बसना तथा कृषि उपज मंडी परिसर सरायपाली शामिल हैं।
वैज्ञानिकों ने दी आधुनिक खेती की जानकारी
कार्यक्रम में किसानों को मृदा स्वास्थ्य, फसल अवशेष प्रबंधन, जैविक खाद के उपयोग तथा दलहन, तिलहन एवं लघु धान्य फसलों को बढ़ावा देने के संबंध में जानकारी दी गई। कृषि वैज्ञानिकों ने उन्नत कृषि तकनीकों को अपनाने, मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने और खेती की लागत कम कर उत्पादन एवं आय बढ़ाने के उपाय बताए। जिले के सभी विकासखंडों में भी पीएम किसान उत्सव दिवस का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केंद्र भलेसर के प्रमुख एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. आर.एल. शर्मा, डॉ. साकेत दुबे, डॉ. कुणाल चंद्राकर, डॉ. रविश केशरी, श्री डिप्रोशन, डॉ. शिल्पा लकरा, डॉ. समरथ बघेल, डॉ. पुनिथा कार्तिकेयन, प्रक्षेत्र प्रबंधक कमलकांत लोधी तथा कृषि विभाग के उप संचालक एफ.आर. कश्यप सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
बागवानी और पशुधन विकास पर भी जोर
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने निर्यातोन्मुख उच्च मूल्य वाली फसलों के उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 12 हॉर्टिकल्चर क्लस्टरों का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में पशुधन नस्ल सुधार एवं अनुसंधान, दुग्ध उत्पादन बढ़ाने, मधुमक्खी पालन और आलू प्रसंस्करण जैसी गतिविधियों को प्रोत्साहित करने पर भी जोर दिया गया। इन पहलों का उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाना, कृषि क्षेत्र में विविधता लाना और किसानों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में आगे बढ़ाना है।





























