कविता
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साहित्य - कविताएं
मेरी ताकत है कलम.. कवि डिजेंद्र कुर्रे की कलम से.
कलम से लिखना सीखा हूं । लिखकर पढ़ना सीखा हूं । मेरी ताकत है कलम । लिख कर पढ़ना पढ़…
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साहित्य - कविताएं
नेता बनना आसान नहीं – कवि डिजेंन्द्र कुर्रे
नेता बनना आसान नहीं काकाखबरीलाल, साहित्य/कविता नेता बनना आसान नहीं, पैसा बिना कुछ काम नहीं। युवा बेरोजगार की बागडोर इन…
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छत्तीसगढ़
क्षेत्र के उभरते कवि राकेश चतुर्वेदी की कलम से लिखित कविता : “धरती के प्यास बुझागे रे संगी”
काकाखबरीलाल, बसना(जमनिडिह) धरती के प्यास बुझागे रे सँगी, परत के देखतो पानी। खाय बर दाना जगाले रे सँगी, चार दिन…
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साहित्य - कविताएं
मैं गीत लिखता जाऊंगा – सौदागर साहू की कलम से
अरमान दिल में खुशी दिल में नव वर्ष नव भोर में जिस क्षण को चाहूंगा इस देश में इस प्रदेश…
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सरायपाली
उभरते युवा कलमकार सौदागर साहू की कलम से – हम पहुंच ही जाते हैं…
सौदागर साहू की कलम से… कुछ अच्छा करने निकलो तो जाने क्यों लोग हँसी उड़ाते है हो गए अगर कामयाब…
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