बलराम जयंती पर एक दिवसीय जिला स्तरीय किसान दिवस का आयोजन

काकाखबरीलाल@डेस्करिपोर्टर। कृषि के देवता भगवान श्री बलराम की जयंती के अवसर पर कृषि विज्ञान केन्द्र भलेसर, महासमुंद द्वारा एक दिवसीय जिला स्तरीय किसान दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जनपद पंचायत महासमुंद की अध्यक्ष श्रीमती दिशा दीवान शामिल हुई तथा अध्यक्षता जिला पंचायत महासमुंद उपाध्यक्ष श्री भीखम सिहं ठाकुर ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में अध्यक्ष भारतीय किसान संघ महासमुंद श्री कुबेर गिरी गोस्वामी, जिला उपाध्यक्ष भारतीय किसान संघ श्री बृजलाल साव, जिला प्रमुख बीज आयाम श्री संजय चन्द्राकर, ब्लाक अध्यक्ष महासमुंद श्री शत्रुघन साहू, जिला कार्यालय प्रमुख श्री राजेन्द्र वैष्णव, सरपंच ग्राम पंचायत भलेसर श्री सेवाराम कुर्रे सहित कार्यक्रम के आयोजक वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख, कृषि विज्ञान केन्द्र, भलेसर डाॅ आर एल शर्मा एवं उपसंचालक कृषि श्री फागुराम कश्यप एवं बड़ी संख्या में कृषकगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आयोजन कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग, महासमुंद के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।
कार्यक्रम की शुरूआत अतिथियों द्वारा भगवान श्री बलराम के पूजा अर्चना के साथ किया गया। इस अवसर पर जिले के विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 120 किसानों ने सहभागिता दी। मुख्य अतिथि जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती दिशा दीवान ने कहा कि वर्तमान समय में केवल उत्पादन बढ़ाना ही पर्याप्त नहीं है बल्कि कृषि आधारित विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से आय में वृद्धि करना भी आवश्यक है। किसानों को कृषि के साथ साथ पशुपालन, उद्यानिकी, मत्स्य पालन एवं कृषि आधारित उद्यमों को अपनाने के लिये प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम के दौरान डाॅ आर. एल शर्मा, वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख ने दलहन, तिलहन कृषि की उपयोगिता, मृदा स्वास्थ्य, उन्नत कृषि तकनीक, प्राकृतिक खेती, फसल विविधीकरण, समसामयिक कृषि समस्याओं तथा कृषि आधारित आय के विभिन्न स्त्रोतों पर जानकारी दी।
इसके पश्चात् उप संचालक कृषि, श्री फागूराम कश्यप के द्वारा आत्मनिर्भरता दलहन मिशन योजनांतर्गत भारत में दलहन एवं तिलहन फसल को बढ़ाने और आयात पर निर्भरता को कम करने हेतु विभागीय योजनाओं की जानकारी कृषकों के बीच साझा की। उन्होंने बताया कि जिले में गत वर्ष खरीफ में 8901 हेक्टेयर एवं रबी में 6423 हेक्टेयर दलहन का रकबा किया गया है तथा इस वर्ष खरीफ 2026 में 9120 हेक्टेयर का लक्ष्य दिया गया है एवं लगातार रकबे में विस्तार किया जा रहा है।
इस अवसर पर किसानों के साथ प्रश्नोत्तरी एवं संवाद कार्यक्रम भी आयोजित किया गया जिसमें किसानों ने अपनी कृषि समस्याओं को विशेषज्ञों के समक्ष रखा एवं कृषि विशेषज्ञों ने उन समस्याओं का तकनीकी समाधान एवं आवश्यक सुक्षाव प्रदान किए। कार्यक्रम में कृषि विज्ञान केन्द्र द्वारा किसानों से वैज्ञानिक कृषि को अपनाने तथा उपलब्ध कृषि तकनीकों का अधिकतम लाभ उठाकर सतत कृषि विकास एवं किसान कल्याण में सहभागी बनने का आह्वान किया। कार्यक्रम का संचालन डाॅ. साकेत दुबे, विषय वस्तु विशेषज्ञ (उद्यानिकी) द्वारा किया गया। कार्यक्रम में भारतीय किसान संघ जिला महासमुंद के सदस्य, कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग, महासमुंद एवं कृषि विज्ञान केन्द्र के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। कार्यक्रम के अंत में कृषकों को लगभग 500 नग नींबू, आंवला, आम, जामुन, कटहल, बेल एवं अन्य फलदार पौधे का वितरण किया गया।






























