सरायपाली : बिजली बिल भुगतान नहीं करने पर योजना के लाभ से हो रहे वंचित

सरायपाली. अति आवश्यक के दायरे में आने वाली बिजली का उपयोग तो गरीब से लेकर अमीर तक के सभी सदस्य करते हैं, लेकिन जब बिल पटाने की बारी आती है तो अधिकतर लोग हाथ खड़े कर देते हैं।

नियमित भुगतान कर उठाएं लाभ
विद्युत विभाग के द्वारा विद्युत उपभोक्ताओं को 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाने, जनरेशन, ट्रांसमिशन और कई वितरण कंपनियां हैं। विद्युत विभाग सरायपाली के डीई आरके अरोरा ने कहा कि उपभोक्ता सुनी-सुनाई बातों में ना आएं। एक-दूसरे के बिजली बिल की देखा-देखी में काफी उपभोक्ताओं द्वारा विद्युत देयकों का भुगतान नहीं किया जा रहा है, जिससे सरायपाली संभाग में बकाया राशि का आंकड़ा 115 करोड़ तक पहुंच गया है। सभी विद्युत देयक नियमित भुगतान कर योजनाओं का लाभ उठाएं। लोगों के बहकावे में मत आएं। उठें और अपना हक प्राप्त करें। बकाया राशि के निराकरण के लिए सहयोग करने की बात कही।
अपने हिसाब से कोई 6 माह तो कोई सालभर में बिजली के बिल का भुगतान करते हैं। बिजली बिल का भुगतान न करने के कारण अधिकतर घरेलू उपभोक्ताओं को शासन की महत्वपूर्ण योजना बिजली बिल हाफ का लाभ नहीं मिल रहा है। इसके चलते बिजली का बिल दिन ब दिन भारी-भरकम बढ़ रहा है। इससे उनके परिवार का आर्थिक बोझ भी बढ़ रहा है। जानकारी के अनुसार शासन प्रतिमाह 400 मिनट तक विद्युत खर्च करने वाले विद्युत उपभोक्ताओं को 50 प्रतिशत बिजली बिल में छूट दे रही है, लेकिन इस बिजली बिल हाफ योजना का लाभ प्रतिमाह बिल का भुगतान करने वाले उपभोक्ताओं को ही मिलता है। प्रतिमाह बिजली बिल भुगतान करने वाले उपभोक्ताओं की संख्या कम होने के कारण अधिकतर विद्युत उपभोक्ता इस योजना का लाभ लेने से वंचित हो रहे हैं। विद्युत विभाग के द्वारा योजना का लाभ पहुंचाने बिजली बिल पटाने कई तरह की सुविधाएं प्रदान की जा रही है, लेकिन उपभोक्ता बिजली बिल को पटाने एवं योजना का लाभ लेकर भारी-भरकम बिल से बचने, आर्थिक बोझ से छुटकारा पाने कोई कदम नहीं उठा रहे हैं। शासन द्वारा बीपीएल एवं घरेलू उपभोक्ताओं जिनके द्वारा प्रति माह 100 यूनिट से कम विद्युत का उपयोग किया जाता है, के लिए फ्लैट रेट, प्रति माह मात्र 50 रुपए के देयक की योजना दी गई है, लेकिन कम राशि का भी प्रति माह 50 रुपए का भुगतान नहीं कर सकते। सिंचाई पंपों के लिए फ्लैट रेट की योजना है। जब सिंचाई के लिए पंप चलते हैं तो न्यूनतम 18 घंटे पंप चलते हैं। निर्धारित दर अनुसार इस पर 7000 रुपए एक माह का देयक होगा, लेकिन योजना अनुसार एक माह में प्रथम पंप के लिए 100 रुपए मात्र का भुगतान किया जाना है।

























