महासमुंद आबकारी विभाग की अधूरी कार्यवाही सवालों के घेरे में? कार्यशैली पर भी सवालिया निशान.!

महासमुंद(काकाखबरीलाल)। बीते दिन मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर आबकारी दल द्वारा ग्राम पिरदा से झहगरेन्डीह रोड जंगल में साजा झाड़ के नीचे, थाना बसना जिला महासमुंद एक हीरो स्प्लेंडर काले रंग बिना नंबर प्लेट के बाइक कि तलाशी ली जाने पर डिग्गी में रखा 18 देशी मदिरा पाव , एक थैले में 900 नग ढक्कन जिसमें छत्तीसगढ़ डिसलरी लिखा हुआ बरामद हुआ, साथ ही 2 सफेद रंग की बोरी में देशी मदिरा पाव क्रमशः 123 पाव , 105 पाव , 1 लोहे का नोकदार सूजा, एक बोरी में खाली पाव की शीशी 110 नग तथा एक जरीकेन में 04 लीटर पानी (मिलावट हेतु) बरामद हुआ।आरोपी संदीप गुप्ता पिता मुनारिक गुप्ता साकिन श्यामनगर सांकरा थाना सांकरा जिला महासमुंद को हिरासत में लिया गया।उक्त आरोपी को पूर्ण विधिवत कार्यवाही करने के उपरांत आबकारी अधिनियम की धारा 34-2, एवं 59(क) के अंतर्गत अजमानतीय अपराध में गिरफ्तार कर माननीय न्यायलय में प्रस्तुत किया गया इसे न्यायिक रिमांड में जेल भेजा गया तथा थैले में प्राप्त ढक्कन की जांच एवं अग्रिम कार्यवाही करने बाबत पुलिस की ओर प्रेषित किया जा रहा है।
उक्त आरोपी पूर्व में भी 50 लीटर महुआ शराब के साथ गिरफ्तार किया जा चुका है।
गौरतलब है कि इस मामले में आरोपी के पास 900नग ढक्कन जिसमें छत्तीसगढ़ डिसलरी लिखा हुआ था आबकारी विभाग ने बरामद किया है शराब तस्कर को अजमानतीय अपराध में गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड में जेल भेज दिया गया और ढक्कन की जांच और अग्रिम कार्रवाई करने बाबत पुलिस की ओर प्रेषित किया जाना लिखा है पूरा मामला 20 मार्च का है और आज 22 मार्च को बसना थाने से प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस के पास ऐसा कोई मामला आबकारी विभाग की ओर से नहीं भेजा गया है आबकारी अधिकारी गोलमोल जवाब दे रहे हैं और जिला आबकारी अधिकारी फोन नहीं उठा रहे हैं आखिर शराब तस्कर के पास इतनी भारी मात्रा में शराब की शीशी के ढक्कन जिसमें छत्तीसगढ़ डिसलरी लिखा हुआ पाया जाना और वह भी उस समय जब पूरी शराब दुकान सरकारी हैं कई सवाल खड़े कर रहे हैं??
आबकारी विभाग की अधूरी कार्यवाही सवालों के घेरे में, खानापूर्ति कार्रवाई करते हुए आरोपी को जेल भेज दिया गया लेकिन आरोपी के पास से बरामद 900 ढक्कन जिस पर छत्तीसगढ़ बिसलरी लिखा हुआ था उसे पुलिस विभाग को जांच के लिए देना बता कर कारवाही के 2 दिन बाद भी पुलिस को मामला नहीं सौंपना, और मीडिया को जानकारी नहीं बताना फोन नहीं उठाना कार्यशैली पर प्रश्न चिन्ह लगा रहा है।
पूरे कार्यवाही की जानकारी लेने के लिए आबकारी उपनिरीक्षक कौशल सोनी को जब फोन किया गया तो उन्होंने आबकारी उपनिरीक्षक बसना वतन चौधरी से जानकारी लेने की बात कही, आपकारी उपनिरीक्षक बसना और जिला आबकारी अधिकारी को पूरे मामले की जानकारी लेने के लिए जब फोन लगाया गया तो उन्होंने फोन तक नहीं उठाया वहीं इस पूरे मामले पर बसना थाना प्रभारी एलआर ठाकुर ने बताया कि उनके पास आबकारी विभाग से इस संबंध में कोई मामला नहीं सौंपा गया है और ना ही कोई जानकारी उनके पास है
























