छतीसगढ़ दुग्ध उत्पादक संघ ने विभिन्न मांगों को लेकर सौपा ज्ञापन, दी हड़ताल की चेतावनी…….

दुग्ध क्रय मूल्य बढाने एवं अन्य विषय के निराकरण के लिए छ.ग. दुग्ध उत्पादक संघ, रायपुर ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है और मांग पूरी नहीं होने पर 1 अप्रैल से हड़ताल करने की चेतावनी दी है
उन्होंने ज्ञापन में बताया है की समस्त दूध उत्पादक समिति के सदस्य विभिन्न समस्याओं से ग्रसित है जिसके कारण उत्पादन में काफी गिरावट आया है। समय रहते समाधान नहीं हुआ तो आगे और भी गिरावट आयेगी।
उनकी निम्न मांगे हैं-
1.छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी दुग्ध महासंघ रायपुर हम दुग्ध उत्पादक किसानों से दूध 27.60 में क्रय कर 50 से 55 रूपये लीटर में विक्रय कर रहा है जो किसानों का शोषण है। पिछले तीन वर्ष के अन्दर करोनो काल के कारण किसानों का क्रय मूल्य भी नहीं बढाया गया. जबकि उपभोक्ता का विक्रय मूल्य 10 रूपये प्रति लीटर बढ चुका है । कोई भी व्यापार 20% से अधिक लाभ में चलाना अनुचित है। दुग्ध उत्पादक संघ ने क्रय मूल्य प्रति लीटर 5 रूपये बढाने की मांग की है।
2. दण्डात्तम कटौत्रा बन्द किया जाए।
3. पशु आहार संयंत्र तत्काल स्थापित किया जाए ताकि लागत मूल्य कम किया जा सके ।
4. कृत्रिम गर्भाचान हेतु जे. के. ट्रस्ट को फिर से लाया जाए । वर्तमान में सहायक पशु चिकित्सा अधिकारी भी पशु का ईलाज नहीं कर रहे है। जिससे पशु बांझ हो रहे हैं जिसका सीधा नुकसान किसानों को हो रहा है।
5. वार्षिक साधारण सभा आफ लाइन किया जाए जिससे हमारे किसान अपनी बात रख सकें ।
6. रायपुर दुग्ध महासंघ के कर्मचारी, अधिकारी का रिटायरमेंट आयु 60 से 62 वर्ष न किया जाए इससे दुग्ध संघ को आर्थिक भार अधिक आएगी।
7. कलेक्टर दर में कार्यरत कर्मचारियों का मानवेय मे वृद्धि किया जाए एवं आवश्यकता अनुसार नियमित भर्ती करने की कार्यवाही नियम बनाकर किया जाए।
8. बी.एम.सी. का कमीशन राशि प्रत्येक माह नियमित भुगतान किया जाए।
9. दूध शीत केन्द्र में दूध चोरी करने वाले पर तत्काल कार्यवाही हो.
10. छत्तीसगढ़ राज्य दुग्ध महासंघ का निर्वाचन प्रक्रिया तत्काल किए जाने हेतु प्रस्ताव भेजा जाए।
उपरोक्त सभी मांगों पर 29.03.2022 तक निर्णय नहीं लिया गया तो 01.04.2022 से दूघ विक्रय देवभोग को बन्द किया जाएगा तथा दूध समिति सदस्य अपनी उत्पादन अपनी स्वेच्छा से
कहीं भी विक्रय कर सकेगा, अर्थात् इससे आवश्यक सेवा प्रभावित होने के लिए दुग्ध महासंघ स्वयं जिम्मेदार होगा।

























