सरायपाली : लाखों रुपये खर्च होने के बाद भी गांव में दूर -दूर तक विकास नजर नही आता….. सरकार की मिलने वाली सुविधाएं दूभर

सरकार की ओर से ग्रामीण विकास के लिए करोड़ों रुपए का प्रावधान किया जाता है जिससे की गांव का विकास और सुविधाओं का विस्तार हो सके लेकिन पंचायत प्रतिनिधियों की उदासीनता और गैर जवाबदेही के चलते गांव में विकास दूर-दूर तक नजर नहीं आता है और ग्रामीणों को शासन की ओर से मिलने वाली सुविधाएं दूभर हो जाती है। दरअसल ऐसा ही एक वाकया सामने आया है जहां विकास के नाम पर लोगों को सिर्फ कोरा आश्वासन ही मिल रहा है। वाकया है सरायपाली जनपद क्षेत्र के अंतिम छोर पर स्थित बंदलीमाल पंचायत का, जहां विकास के नाम पर ग्रामीण सिर्फ छले जा रहे हैं।
दरअसल इस ग्राम में विकास कार्यों को पूर्ण होकर राशि आहरण करना बताया जा रहा है वह आज तक अधूरा पड़ा हुआ है। गांव में सार्वजनिक शौचालय निर्माण का काम अधूरा पड़ा हुआ है जिसके लिए 90 हजार की राशि की स्वीकृति मिली है वही दूसरी ओर नाली निर्माण का काम ही अधूरा है जबकि कन्या शौचालय में सिर्फ पुताई का काम कर राशिआहरण करने की बात सामने आई है। सबसे मजेदार बात यह है कि गांव में गलियों को रोशन करने के लिए लाइट लगाने के लिए भी 1 लाख की स्वीकृति दिखाई जा रही है गांव में लाइट का कहीं अता पता नहीं है।
ग्रामीण विकास के लिए लाखों रुपए खर्च होने के बाद भी कई विकास नहीं दिखने से राशि का दुरुपयोग हो रहा है यह जांच का विषय बन गया है। हम आपको बता दें कि ग्राम पंचायत बंदलीमाल के पिछले 5 साल के कराए गए कार्यों की सूक्ष्मता से जांच कराए जाने की स्थिति में और भी कई चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं। विकास कार्यों को लेकर गांव के सरपंच और सचिव से संपर्क का प्रयास किया गया पर दोनों मुख्यालय में नहीं मिले वही उपसरपंच से जब बात की गई तब उसका भी साफ तौर पर कहना था कि काम चल रहा है और कई काम नहीं हुए हैं।























