कोरोना संक्रमण के कारण 10वीं-12वीं की पूरक परीक्षा भी हो सकती है असाइनमेंट से

रायपुर (काकाखबरीलाल).दसवीं-बारहवीं की पूरक परीक्षा के आयोजन में इस बार नया तरीका अपनाया जा सकता है। असाइनमेंट के आधार पर इस बार परीक्षा हो सकती है। क्योंकि, कोरोना संक्रमण की वर्तमान स्थितियों को देखते हुए केंद्र में परीक्षा का आयोजन मुश्किल है। वहीं दूसरी ओर 30 सितंबर तक स्कूल बंद है। आगे भी स्कूल कब खुलेंगे इसे लेकर अनिश्चितता की स्थिति बनी हुई है। इसलिए पूरक की परीक्षा अलग तरीके से आयोजित की जा सकती है।माध्यमिक शिक्षा मंडल (माशिमं) से पूरक परीक्षा के आयोजन को लेकर विचार किया जा रहा है। अफसरों का कहना है कि कोरोना का संक्रमण बढ़ रहा है। पूरक परीक्षा किस तरीके से होगी यह अभी तय नहीं है। पुराने तरीके से भी परीक्षा हो सकती है और नए तरीके पर भी विचार किया जा रहा है। कोरोना काल में परीक्षा को लेकर छात्रों को परेशानी न हो इस बात पर ध्यान दिया जा रहा है। पूरक परीक्षा किस तरीके से होगी इस संबंध में जल्द सूचना जारी होगी। पूरक परीक्षा का आयोजन इस महीने नहीं होगा। अक्टूबर में परीक्षा होने की संभावना है। शिक्षाविदों का कहना है कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए पूरक परीक्षा का आयोजन असानइमेंट के फार्मूले से होने की संभावना ज्यादा है। क्योंकि, केंद्र में परीक्षा होने से परेशानी बढ़ सकती है। असाइनमेंट के आधार पर परीक्षा होने से छात्र घर बैठे ही परीक्षा दे सकते हैं। ओपन स्कूल की परीक्षा में असाइनमेंट का फार्मूला ही अपनाया गया है।
इसके तहत छात्रों को केंद्रों से असाइनमेंट बांटे गए। इसमें सवालों के जवाब छात्रों ने घर से लिखकर जमा किया। इसके लिए एक अवधि निर्धारित की गई थी।
दसवीं-बारहवीं की पूरक परीक्षा के साथ ही अवसर परीक्षा भी आयोजित की जाएगी। इसके तहत बोर्ड एग्जाम में फेल हुए छात्र भी परीक्षा में शामिल हो सकेंगे। दसवीं-बारहवीं बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट पिछली बार की तुलना में इस बार बेहतर रहा। फिर भी करीब एक लाख छात्र फेल हुए। शिक्षाविदों का कहना है अवसर परीक्षा में फेल हुए छात्रों में से 50 प्रतिशत तक ही शामिल होते हैं। लेकिन इस बार परीक्षार्थियों की संख्या ज्यादा होने की संभावना है

























