चुनाव:बूथ कार्यकर्ता करेंगे नगरीय निकाय चुनाव में टिकट देने का फैसला

रायपुर(काकाखबरीलाल)। नगरीय निकाय चुनाव अब सामने हैं, इसे लेकर सभी प्रमुख राजनैतिक दल अपनी तैयारियों में जुट गए हैं।कांग्रेस के राज्य कार्यालय राजीव भवन में पीसीसी कार्यकारिणी के 41 सदस्य और 27 ज़िलों के 34 ज़िला अध्यक्षों की बैठक हुई।
इस बैठक में नगरीय निकाय को लेकर कांग्रेस में ग्रास रुट तय कर लिया गया है।इस बैठक में यह जानकारी भी ली गई कि, किन नगरीय ईलाकों में एकमत या कि सर्वसम्मति की स्थिति है और ऐसे कितने क्षेत्र है,जहां पर कि क़वायद तगड़ी होगी।
सत्ता में कांग्रेस है और विधानसभा में तीन चौथाई जीत के बाद लोकसभा में मोदी लहर ने विधानसभा की जीत का रंग हल्का कर दिया, हालाँकि उसके बाद विधानसभा के दो उपचुनाव में कांग्रेस ने फिर जीत दर्ज की। अब सामने नगरीय निकाय चुनाव हैं और नगरीय निकाय में वह आँकड़ा और बेहतर करने का की जवाबदेही है। जी इस पंक्ति को पढ़ कर चौंकिए मत। कांग्रेस के लिए इस बार चुनौती अपने प्रदर्शन को बेहतर करने की है।
यह दिलचस्प है कि, जबकि पाँच बरस पहले नगरीय निकाय के नतीजे आए थे, और प्रदेश में भाजपा सत्तानशी थी तब के आंकडे़ कांग्रेस को वह उर्जा दे गए जो विधानसभा आते तक भाजपा के लिए दावानल में बदल गए।
पीसीसी के संचार विभाग अध्यक्ष शैलेष नितिन त्रिवेदी इन आँकड़ों की जानकारी देते हैं –
“तब 10 नगर निगम में 6 निगम, 42 नगर पालिका में से 20 और 105 नगर पंचायतों में 52 पर कांग्रेस ने जीत दर्ज की थी”
शैलेष मानते हैं कि कांग्रेस इस चुनाव में और बेहतर प्रदर्शन करेगी। वे इसके पीछे सरकार की किसान और विभिन्न लोककल्याणकारी योजनाओं का सफल क्रियान्वयन के साथ कांग्रेस संगठन के कारण के रुप में गिनाते हैं।
पिछले नगरीय निकाय चुनाव में आशातीत सफलता ने ही कांग्रेस को उसी पुराने फ़ॉर्मेट को दोहराने का फ़ैसला लिया है, जिसे तब तत्कालीन पीसीसी अध्यक्ष भूपेश बघेल ने तय किया था।बल्कि उस फ़ॉर्मूले को और सख़्ती भरे संशोधन के साथ लागू किया जा रहा है। जिसके तहत पार्षद टिकट के अभ्यर्थी को अपना आवेदन वार्ड समिति को देना होगा। वार्ड समिति ही वह प्राथमिक इकाई होगी जो कि पार्षद आवेदक को कांग्रेस का टिकट दिलाने की भुमिका तय करेगी। हालाँकि इसके साथ ब्लॉक स्तर पर और ज़िला स्तर पर भी कमेटी गठित की गई है, जो अपनी सिफ़ारिश पीसीसी तक भेजेगी।
PCC चीफ मोहन मरकाम ने कहा कि
“नगरीय निकाय चुनाव में पार्षद के टिकट का निर्धारण रायपुर तय नहीं करेगा, यह निर्णय वार्ड समिति करेगी”


























